अयोध्या न्यूज डेस्क: अयोध्या में फलों को कृत्रिम और हानिकारक रसायनों से पकाए जाने की मिल रही शिकायतों के बाद खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) और FSSAI की टीम ने सख्त रुख अख्तियार किया है। विभाग की टीम ने अयोध्या की विभिन्न फल मंडियों और गोदामों पर औचक छापेमारी कर फल पकाने की प्रक्रिया की सघन जांच की। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य 'कैल्शियम कार्बाइड' जैसे प्रतिबंधित और स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक रसायनों के इस्तेमाल पर रोक लगाना है।
खाद्य आयुक्त मानिक चंद्र सिंह ने इस अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि विभाग द्वारा चलाए जा रहे जागरूकता अभियानों का जमीन पर सकारात्मक असर दिख रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अब अधिकांश बड़े व्यापारी हानिकारक रसायनों के बजाय आधुनिक और सुरक्षित तरीकों को अपना रहे हैं। कई व्यापारियों ने अब अपने स्वयं के चैंबर स्थापित किए हैं, जहाँ नैचुरल एथिलीन गैस के जरिए फलों को पकाया जाता है। यह प्रक्रिया पूरी तरह से वैज्ञानिक और स्वास्थ्य के लिहाज से सुरक्षित मानी जाती है।
छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने व्यापारियों को सख्त हिदायत दी है कि यदि किसी भी स्तर पर प्रतिबंधित केमिकल का उपयोग पाया गया, तो केवल जुर्माना ही नहीं बल्कि सीधे FIR दर्ज कर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने यह भी साफ किया है कि गर्मी के बढ़ते मौसम में फलों के साथ-साथ सब्जियों और आइसक्रीम जैसे खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर भी पैनी नजर रखी जा रही है ताकि उपभोक्ताओं की सेहत के साथ कोई समझौता न हो।
प्रशासन की इस सक्रियता से मिलावटखोरों में हड़कंप है, वहीं आम जनता ने भी इस कदम की सराहना की है। अधिकारियों ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि यदि उन्हें बाजार में असामान्य रूप से पके हुए या संदिग्ध फल नजर आते हैं, तो वे तुरंत इसकी जानकारी संबंधित विभाग को दें। आने वाले दिनों में यह जांच अभियान और तेज किया जाएगा ताकि पूरी अयोध्या में खाद्य पदार्थों की शुद्धता सुनिश्चित की जा सके।